Slide 1
Slide 1
एजुकेशनवाराणसी

डॉ विशाखा बनी शिक्षा शास्त्र की विभागाध्यक्ष

बन्द हो चुके शिक्षाचार्य (एम•एड•) पाठयक्रम को पुनः संचालित कराना मेरी प्राथमिकता: डॉ विशाखा शुक्ला

सुशील कुमार मिश्र/वाराणसी
सम्पूर्णानन्द संस्कृत विश्वविद्यालय कुलसचिव श्री राकेश कुमार ने बताया कि शासनादेश संख्या-1723/सत्तर-1-08-15(55)/82 02 जुलाई,08 के परिप्रेक्ष्य में विश्वविद्यालय परिनियम 2.22 में की गयी। व्यवस्था के अनुसार चक्रानुक्रम से डॉ० विशाखा शुक्ला एसोसिएट प्रोफेसर- शिक्षाशास्त्र विभाग को, आदेश निर्गत होने की तिथि से तीन वर्ष के लिए शिक्षाशास्त्र विभाग का विभागाध्यक्ष नियुक्त किया गया है। ज्ञातव्य हो कि डॉ विशाखा शुक्ला 2008 में इस विश्वविद्यालय के शिक्षा विभाग मे बतौर सहायक आचार्य नियुक्त होकर संस्था के अभ्युदय एवं उत्थान निरन्तर संकल्पित भाव से सहभागिता किया है। शिक्षा शास्त्र विभाग में बंद हो चुके शिक्षाचार्य (एमएड) को पुनः संचालित करने के लिये निरन्तर प्रयासरत हैं।जिसके लिये एक समिति का गठन भी किया गया है।

डॉ शुक्ला ने शिक्षाशास्त्र विभाग के विभागाध्यक्ष बनाने पर अत्यन्त हर्ष और उल्लास के साथ बताया कि मेरे लिये विद्यार्थियों को अच्छी शिक्षा और प्रशिक्षण से इसके महत्व का प्रभाव प्राप्त हो अनुशासन और आत्मविश्वास पैदा करना मेरा मूल मंत्र है। विद्यार्थियों को शिक्षा के साथ-साथ अनेक कौशल की भी शिक्षा प्राप्त करने के लिए विशेषज्ञों के माध्यम से सकारात्मक प्रयास है। यह संस्था देववाणी संस्कृत का परिसर है। यहां से विद्यार्थियों को भारतीय, संस्कृति, संस्कार एवं सनातन धर्म का विशेष ज्ञान प्राप्त हो ऐसा प्रयास इस विभाग का है। पूर्व मे यहां जिन विभागाध्यक्षो/ आचार्यों ने समर्पित त्याग इस विभाग को ऊंचाइयों पर पहुँचाया है उनके पदचिन्हों पर चलकर सदैव इस विभाग के उन्नती और गतिशीलता पर ध्यान दिया जाएगा।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button