कविता
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नारी शक्ति रूप अपार – कंचन कुमारी
नारी केवल नाम नहीं, है साहस की पहचान, धूप में जलकर भी रखे,अपने चेहरे पर मुस्कान..! झुकती है तो प्रेम…
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गाजीपुर: बस दिवाली रहे,हर गली गांव घर में,बेटा बेटी न साली,न साला रहे, हर गली घर में….अनंग
दीपोत्सव की हार्दिक बधाई, इन शुभकामनाओं के साथ… बस दिवाली रहेहर गली गांव घर में, उजाला रहे।बस दिवाली रहे, ना दिवाला…
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रहि-रहि बड़ा याद आवे लरिकइंया : राम बहादुर राय
रहि-रहि बड़ा याद आवे लरिकइंयाबरखा के पानी आ कगजा के नइया!नानी कहे कहनी एगो राजा एगो रानीराजा के महलिया भरल…
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