राजबहादुर उर्फ मंगला सिंह हत्याकांड का सनसनीखेज खुलासा,दो आरोपी गिरफ्तार

गोविन्द लाल शर्मा
आज़मगढ़ । जिले के बरदह थाना क्षेत्र के उसरगांवा में करीब एक सप्ताह पूर्व हुई युवक की हत्या का खुलासा करते हुए स्वाट टीम प्रभारी राजकुमार सिंह और थानाध्यक्ष बरदह राजीव कुमार सिंह की टीम ने घटना में वांछित दो अभियुक्तों को गिरफ्तार कर लिया। एसएसपी का दावा है कि हत्या का कारण यह था कि मृतक अक्सर आरोपी को गालियाँ देता था और उसकी बाउंड्रीवाल बनाने में अवरोध उत्पन्न करता था, जिससे क्षुब्ध होकर आरोपियों ने वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने इनके कब्जे से घटना में प्रयुक्त दो डंडे भी बरामद किए गए। गौरतलब है कि बीते 10 अगस्त को वसत्यनारायण सिंह पुत्र स्व. रामराज सिंह निवासी ग्राम उसरगांव थाना बरदह ने थाने पर तहरीर दी थी कि उनके बड़े भाई राजबहादुर सिंह उर्फ मंगला सिंह जो प्रतिदिन की तरह 9 अगस्त की रात अपने पाही पर बने बरामदे में चारपाई पर सोने गए थे, सुबह खेत पर काम करने आए रफीक शेख ने देखा कि वे मृत पड़े हैं और पास जाकर स्पष्ट हुआ कि उनकी धारदार हथियार से हत्या कर दी गई है। इस आधार पर थाना बरदह में सुसंगत धाराओं में मुकदमा अज्ञात दर्ज कर विवेचना शुरू की। मुखबिर की सूचना पर सोमवार को सुबह पुलिस टीम ने जिवली मोड़ से अभियुक्त आसिफ शेख पुत्र अकबर अली और मेहताब आलम पुत्र मुनौवर अली निवासीगण उसरगांव थाना बरदह, को गिरफ्तार किया। अभियुक्तों की निशानदेही पर पुलिस ने घटना में प्रयुक्त दो अदद डंडे बरामद किए गए। एसएसपी हेमराज मीना ने बताया कि पूछताछ में अभियुक्त आसिफ ने चौंकाने वाला खुलासा किया कि जब भी वह राजबहादुर सिंह के पाही की तरफ से गुजरता था तो वे अक्सर उसे गालियाँ देते थे तथा उसकी बाउंड्रीवाल बनने में भी अवरोध उत्पन्न करते थे, जिससे परेशान होकर उसने अपने साथी मेहताब आलम के साथ मिलकर हत्या की योजना बनाई और 9/10 अगस्त की मध्यरात्रि करीब 1 बजे पाही पर सोते समय राजबहादुर पर दोनों ने डंडों से हमला कर उनकी हत्या कर दी।




