
गाजीपुर। महामंडलेश्वर व सिद्धपीठ हथियाराम मठ के पीठाधीश्वर स्वामी भवानीनंदन यति महाराज पारम्परिक रामहित यात्रा पर हैं। ग्राम हुरमुजपुर में आयोजित एक दिवसीय रामहित कार्यक्रम में सिद्धपीठ हथियाराम के पीठाधिपति महामंडलेश्वर स्वामी भवानीनंदन यति महाराज ने सेवा, सद्भाव और धर्म धारण का संदेश दिया। उन्होंने मानवता को सर्वोपरि बताते हुए समाज को एकजुट करने वाले कार्यक्रमों की सराहना की। इससे पूर्व एक दिवसीय रामहित कार्यक्रम में बिजहरी से हुरमुजपुर पहुंचने पर ग्रामवासियों ने बैंड बाजा और जयघोष के साथ महाराज श्री को माल्यार्पण कर भव्य स्वागत किया। अपने आशीर्वचन में महामंडलेश्वर भवानीनंदन यति महाराज ने विशाल श्रद्धालु जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि रामभक्ति, सनातन संस्कृति और सामाजिक सद्भाव जीवन को सही दिशा देने वाले मूल स्तंभ हैं।
उन्होंने भगवान श्रीराम के आदर्शों पर प्रकाश डालते हुए कहा कि मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम का जीवन त्याग, सेवा, सत्य और धर्म का अनुपम उदाहरण है। रामहित कार्यक्रम के उद्देश्य की चर्चा करते हुए स्वामी महाराज ने बताया कि इसका मुख्य उद्देश्य समाज में धर्म, संस्कार और नैतिक मूल्यों को सुदृढ़ करना है, ताकि आने वाली पीढ़ी को सही मार्गदर्शन मिल सके। इससे गुरु-शिष्य परंपरा और अधिक सशक्त होती है। कार्यक्रम के दौरान सत्संग, भजन-कीर्तन एवं धार्मिक चर्चा के माध्यम से गांवों में आध्यात्मिक चेतना का संचार किया गया। इस अवसर पर स्वामी अभयानंद यति, शिवानंद सिंह उर्फ झुन्ना सिंह, विपिन कुमार पाण्डेय, संतोष कुमार सिंह, उदयभान सिंह सहित बड़ी संख्या में श्रद्धालु एवं ग्रामीणजन उपस्थित रहे।




