बी.एच.यू नेत्र बैंक को पुनः दान में मिली दो कॉर्निया,होगा निशुल्क प्रत्यारोपण

सुशील कुमार मिश्र/ वाराणसी
क्षेत्रीय नेत्र संस्थान स्थित ” बी.एच. यू . आइ बैंक” को एक् बार पुनः दो आँखें दान में मिली। जिनसे दो दृष्टि हीन व्यक्तियों को निशुल्क: रोशनी प्रदान की जाएगी। सर सुन्दर लाल चिकित्सालय के एमर्जेन्सी वार्ड में मुक्तार सिंह, निवासी डालमिया नगर, रोहतास, विहार जो क्रॉनिक किडनी रोग के इलाज हेतु आपातकालीन बहिरंग में भारती हुए थे। इलाज के दौरान 20 मई को सुबह 9.0 बजे शॉक और दिल का दौरा पड़ने से उनकी मृत्यु हो गई थी। मरणोपरान्त उनके पुत्र मनुरंजन ने उनका नेत्रदान कराने की इच्छा जाहिर किया। तुरन्त विभागाध्यक्ष एवं बी०एच०यू० आई बैंक के चेयरमैन प्रोफेसर आर० पी० मौर्य से सम्पर्क किया। प्रोफेसर मौर्य के निर्देश पर बी.एच. यू आई बैंक की टीम (डॉ. प्रेरणा चौधरी ,आशुतोष त्रिपाठी एवं प्रतीक कुमार सिंह ने बिना समय गंवाए मुक्तार सिंह का मरणोपरान्त नेत्रदान करवा दिया। नेत्र सर्जन डॉ. प्रेरणा चौधरी ने उनके पुत्र मनुरंजन को नेत्रदाता परिवार सम्मान पत्र भी दिया। दान में मिली कॉर्निया से दो अंधे व्यक्तियों को निशुल्क: आँखें प्रदान किया जाएगा। चिकित्सा विज्ञान संस्थान के निदेशक प्रो. एस.एन संखवार तथा सर सुंदरलाल चिकित्सालय के चिकित्साधीक्षक ने विभागाध्यक्ष एवं बी०एच०यू० आई बैंक के चेयरमैन प्रोफ़ेसर आर. पी. मौर्या तथा उनकी टीम को बधाई के साथ नेत्रदाता परिवार को नेत्रदान जैसे नेक व पुण्य कार्य के लिए धन्यवाद दिया।




