देवरिया : राष्ट्रीय शैक्षिक महा संघ ने दिवंगत शिक्षक के स्मृति में निकाला कैंडल मार्च

असगर अली/ब्यूरो चीफ,देवरिया । जनपद में राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ ने सोमवार रात एक दिवंगत शिक्षक कृष्ण मोहन सिंह की स्मृति में कैंडल मार्च निकाला। यह मार्च शिक्षक की आत्महत्या के बाद न्याय की मांग को लेकर आयोजित किया गया था। इसमें बड़ी संख्या में शिक्षकों ने भाग लिया। इस मार्च में सदर विधायक डॉ. शलभ मणि त्रिपाठी भी हुए शामिल। उन्हें ने परिजनों को न्याय दिलाने का आश्वासन दिया। महासंघ के बैनर तले शिक्षक रात आठ बजे शहर के सुभाष चौक पर एकत्र हुए। यहां से कैंडल मार्च शुरू हुआ, जो जिलाधिकारी आवास, सिविल लाइन रोड और कचहरी चौराहा होते हुए वापस सुभाष चौक पर समाप्त हुआ। मार्च के अंत में दिवंगत शिक्षक को श्रद्धांजलि दी गई।महासंघ के जिला संयोजक जयशिव प्रताप चंद ने कहा कि जनपद में एक शिक्षक की आत्महत्या की घटना से पूरा शिक्षक समाज व्यथित है। उन्होंने इसे शिक्षा जगत और समाज के लिए चिंता का विषय बताया। चंद ने मांग किया कि जांच में दोषी पाए जाने वालों के खिलाफ कठोर कार्रवाई हो। साथ ही, मृत शिक्षक के परिवार को आर्थिक सहायता और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए।
सह-संयोजक विवेक मिश्र ने इस घटना को बीएसए कार्यालय की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाने वाला बताया। उन्होंने आरोप लगाया कि संगठन द्वारा कई बार मुद्दे उठाने के बावजूद शिक्षकों के मामले महीनों तक लंबित रहते हैं। मिश्र ने कहा कि हाल के महीनों में शिक्षकों पर गैर-शैक्षणिक कार्यों का दबाव बढ़ा है, जिससे वे मानसिक तनाव में हैं और उनके मूल शैक्षणिक दायित्व प्रभावित हो रहे हैं।वरिष्ठ शिक्षक प्रतिनिधि मदन शाही ने विभाग में पारदर्शिता और शुचिता बनाए रखने की आवश्यकता पर जोर दिया, ताकि शिक्षकों का मनोबल बना रहे। जिला कोर समिति के वरिष्ठ सदस्य अशोक तिवारी ने भी घटना पर दुख व्यक्त करते हुए कहा कि शिक्षक समाज इस घटना से स्तब्ध है। कैंडल मार्च में गोविंद सिंह, प्रमोद कुशवाहा, शशांक मिश्रा, आशुतोष नाथ तिवारी, अभिषेक जायसवाल, सत्यप्रकाश तिवारी, ज्ञानेश यादव सहित सैकड़ों शिक्षक उपस्थित थे।




