वाराणसी:मुंशी प्रेमचंद वतन के पहरेदार थे : दुर्गा प्रसाद

सुशील कुमार मिश्र / वाराणसी। उपन्यास सम्राट मुंशी प्रेमचंद की 145वीं जयंती पर उनकी जन्म भूमि लमही में विविध कार्यक्रम संपन्न हुआ। प्रेमचंद स्मारक भवन एवं विकास योजना समिति के तत्वाधान में नगर के वरिष्ठ कवि, साहित्यकार, समाजसेवियों ने अपनी प्रिय साहित्यकार के प्रतिमा पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। उनके कृतित्व और व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला। डॉक्टर दुर्गा प्रसाद श्रीवास्तव ने कहा मुंशी प्रेमचंद वतन के पहरेदार थे, उनकी रचनाएं देश प्रेम समाज सेवा की विम्ब पैदा करती है। आज मुंशी प्रेमचंद धरोहर बचाना ,काशी की साहित्य को बचाना है ।इसके लिए समाज को आगे आने की आवश्यकता है ।कवि डॉक्टर जयशंकर जय ,डॉ चंद्रभाल सुकुमार ,केशव शरण शंकर आनंद ,डॉक्टर बुद्ध नाथ तिवारी डॉक्टर भोलानाथ ने काब्य पाठ किया ।मुख्य रूप से पूर्व एमएलसी अरविंद सिंह डॉक्टर ईश्वर चंद्र पटेल प्रोफेसर सुरेंद्र प्रताप सिंह ,हीरालाल यादव राकेश पाठक ,चौधरी राजेंद्र प्रसाद और सुरेश सिंह अंबुज श्रीवास्तव ,पप्पू राजभर ,अरविंद पांडे रमजान भाई आरपी मौर्य सहित बड़ी संख्या में लोग उपस्थित रहे।




