लखनऊ : दुष्कर्म मामले में डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने की बड़ी कार्रवाई
अस्पताल सील, डॉक्टर का लाइसेंस निलंबित

लखनऊ। सूबे की राजधानी लखनऊ के बख्शी का तालाब से एक हैरतअंगेज मामला सामने आया है।यहां इंदौराबाग में तेजस हॉस्पिटल में 12वीं की छात्रा से दुष्कर्म के आरोप के बाद उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने कड़ी कार्रवाई की है।डिप्टी सीएम ने शुक्रवार कोतत्काल प्रभाव से अस्पताल को सील करने और आरोपी डॉक्टर का लाइसेंस निलंबित करने के आदेश दिए हैं। मामला तब सामने आया जब 12वीं कक्षा की एक छात्रा ने तेजस हॉस्पिटल के संचालक डॉक्टर विजय गिरी पर दुष्कर्म का आरोप लगाया।छात्रा की शिकायत के बाद बीकेटी पुलिस ने आरोपी डॉक्टर विजय गिरी को हिरासत में ले लिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने इस घटना को गंभीरता से लेते हुए सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर जानकारी दी।डिप्टी सीएम ने कहा कि उन्होंने स्वास्थ्य विभाग को तेजस हॉस्पिटल को तत्काल सील करने के निर्देश दिए हैं। साथ ही आरोपी डॉक्टर विजय गिरी का चिकित्सकीय लाइसेंस भी तुरंत निलंबित कर दिया गया है। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि आरोपी डॉक्टर की आयुर्वेदिक चिकित्सकीय डिग्री को भी जब्त करने के लिए आयुर्वेदिक विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया गया है। डिप्टी सीएम ने कहा कि यह कदम इसलिए उठाया गया है, ताकि भविष्य में आरोपी चिकित्सक कभी भी,किसी भी तरह के चिकित्सकीय दायित्वों का निर्वहन न कर सके। डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने अपनी एक्स पोस्ट में पीड़ित छात्रा और उसके परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त की। डिप्टी सीएम ने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार पीड़ित बिटिया एवं उसके परिवार के साथ मज़बूती से खड़ी है।डिप्टी सीएम ने भरोसा दिलाया कि आरोपी चिकित्सक को कड़ी से कड़ी सजा दिलाई जाएगी और इस मामले में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। बीकेटी पुलिस आरोपी डॉक्टर विजय गिरी से पूछताछ कर रही है।पुलिस पीड़िता का मेडिकल परीक्षण कराकर बयान दर्ज करने की प्रक्रिया में है।पुलिस अधिकारियों का कहना है कि साक्ष्यों के आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी। इस घटना के बाद इलाके के निजी अस्पतालों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठ रहे हैं।स्वास्थ्य विभाग द्वारा अन्य अस्पतालों की जांच के भी संकेत दिए गए हैं।इस घटना ने पूरे प्रदेश में महिला सुरक्षा को लेकर फिर से बहस छेड़ दी है।प्रशासन का कहना है कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।



