गाजीपुर : आर्य समाज का 92वां वार्षिकोत्सव वेद महोत्सव के रूप में मनेगा

गाजीपुर । जिला आर्य उप प्रतिनिधि सभा के तत्वाधान में आर्य समाज जमानियां का ९२ वां वार्षिकोत्सव “वेद महोत्सव” के रूप में मनाया जा रहा है। यह कार्यक्रम महर्षि दयानंद सरस्वती के जन्म के 200 वर्ष पूर्ण होने एवं आर्य समाज की स्थापना के 150 वर्ष पूर्ण होने के आयोजनों के श्रृंखला में आयोजित है। यह कार्यक्रम आर्य समाज मंदिर जमानिया में दिनांक 30 मार्च तक चलेगा, जो दो सत्र में चलेगा जिसमें शिक्षा सम्मेलन, राष्ट्र रक्षा सम्मेलन ,धर्म रक्षा सम्मेलन एवं महिला सम्मेलन का भी आयोजन है। कार्यक्रम प्रातः 8 से 11:00 बजे तक ऋग्वेद शतकम यज्ञ,भजन, प्रवचन ,एवं सायं काल 6:00 से 10:00 तक चलेगा। कार्यक्रम में राष्ट्रीयस्तर के वैदिक विद्वान आचार्य वीरेंद्र शास्त्री, सहारनपुर से एवं भजनोपदेशक यादवेंद्र शास्त्री मथुरा से पधारे हुए हैं।
राष्ट्र रक्षा सम्मेलन में सहारनपुर से आए हुए वैदिक विद्वान आचार्य वीरेंद्र शास्त्री ने कहा कि राष्ट्र रक्षा और राष्ट्र निर्माण के संदर्भ में आर्य समाज का मत अत्यंत प्रखर, राष्ट्रवादी और वेदों पर आधारित है। स्वामी दयानंद सरस्वती द्वारा स्थापित आर्य समाज राष्ट्र को केवल एक भूखंड नहीं, बल्कि एक पवित्र ‘आर्यावर्त’ मानता है, जिसकी रक्षा और उन्नति करना हर नागरिक का कर्तव्य है। इस अवसर पर बोलते हुए आर्य समाज के जिला प्रधान आदित्य प्रकाश आर्य कहा कि यजुर्वेद में कहां गया है कि “वयं राष्ट्रे जागृयाम पुरोहिताः” अर्थात “हम राष्ट्रहित चिंतक, राष्ट्र को जीवंत, जाग्रत और सुरक्षित बनाए रखने के लिए हमेशा जागृत रहकर राष्ट्र को सुरक्षा पर विशेष ध्यान देते रहना होगा , अन्यथा वर्तमान परिवेश में आप देख रहे हैं कि इस राष्ट्र को राष्ट्र में पल रहे कुछ विषधरों से ही खतरा है, ऐसे विषधरों को खोज- खोज कर उनके फनों को कुचलना होगा, अन्यथा कभी भी राष्ट्र टूट सकता है। इसलिए हम सभी राष्ट्रभक्तों को संगठित होकर, विवेक पूर्वक राष्ट्र की रक्षा में अपना महत्वपूर्ण योगदान देना ही होगा,चाहे इसके लिए अपना बलिदान भी क्यों न देना पड़े।
कार्यक्रम के दौरान आर्य समाज के जिला सभा की एक बैठक भी संपन्न हुई। जिसमें सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि आर्य समाज के मिशन “वेदों की ओर लौटो” को चरितार्थ करने एवं भावी पीढ़ी को चरित्रवान बनाने के उद्देश्य से जिले के सभी आर्य समाजो में निःशुल्क वैदिक शिक्षा की कक्षाएं चलाई जाएगी। जो सायंकाल 1 घंटे का होगा।जिससे बच्चों में भारतीय सनातन वैदिक संस्कृति की जड़े मजबूत होगी और उनका जीवन वीरता, आनंद और राष्ट्रीय भावनाओं के पूर्णता के साथ सनातन वैदिक धर्म की आस्था सुदृढ़ होकर उनकी ऊर्जा राष्ट्र निर्माण में संलग्न होगी। कार्यक्रम में जिले में स्थित आर्य समाजों के प्रतिनिधियों ने प्रमुख रूप से भाग लिया जिनमें रवीश विश्वकर्मा,अमित जायसवाल, नीरज आर्य, रविंद्र नाथ, विनोद कुमार आर्य, मनीष कुमार वर्मा, वासुदेव सिंह, प्रकाश वीर,आनंद कुमार ,साहब शरण शर्मा आदि उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन आर्य समाज जमानियां के मंत्री अजय कुमार वर्मा ने किया तथा सभी आगंतुक अतिथियों का स्वागत एवं धन्यवाद ज्ञापित आर्य समाज जमानियां के प्रधान सच्चिदानंद आर्य ने किया।




