गाजीपुर : होम्योपैथिक मेडिकल कॉलेज में आत्महत्या रोकथाम दिवस पर जागरूकता कार्यशाला का आयोजन

आत्महत्या के ट्रिगर्स को मैनेज करने के उपायों के विषय में जाना
गाजीपुर। विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस के अवसर पर मानसिक -भावनात्मक स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता फैलाने और जीवन के मूल्य को रेखांकित करने के उद्देश्य से राजकीय गाज़ीपुर होम्योपैथिक मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में ‘विश्व आत्महत्या रोकथाम दिवस’ के अवसर पर एक विशेष जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस वर्ष के केंद्रीय विषय कार्यों के माध्यम से आशा का निर्माण” (Creating Hope Through Action) के अंतर्गत आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों- शिक्षकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। आत्महत्या के ट्रिगर्स को मैनेज करने के उपायों के विषय में जाना। प्राचार्य प्रो. डॉ राजेंद्र सिंह ने कार्यशाला के स्त्रोत व्यक्ति के रूप में मानसिक स्वास्थ्य की विशद व्याख्या की। मानसिक स्वास्थ्य और तनाव प्रबंधन’ पर विशेष जोर देते हुए उन्होंने आधुनिक जीवनशैली, विचार प्रबंधन की कमी, शैक्षणिक दबाव, और पारिवारिक, सामाजिक और व्यक्तिगत चुनौतियों के कारण आज के दौर में मानसिक तनाव एक गंभीर समस्या बनता जा रहा है ऐसा कहा। आत्महत्या किसी समस्या का समाधान नहीं है, बल्कि यह एक ऐसा संकट है जिससे उचित संवाद, परामर्श और समय पर सहायता से निपटा जा सकता है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि हमें अपने आस-पास के लोगों की मानसिक स्थिति के प्रति संवेदनशील रहना चाहिए और जरूरत पड़ने पर पेशेवर मदद लेने में संकोच नहीं करना चाहिए, कठिन समय में अकेलापन महसूस कर रहे व्यक्ति को यह अहसास कराना जरूरी है कि वह अकेला नहीं है। मानसिक स्वास्थ्य के प्रति जागरूक रहने, एक-दूसरे का संबल बनने की सलाह दी गई । कार्यक्रम के अंत में सुसाइडल प्रोन नेस और ट्रिगर एक्सरसाइज के साथ साथ, ई क्यू- आई क्यू बैलेंसिंग के विषय में भी जानकारी दी गई । इस अवसर पर सभी चिकित्सा छात्रों से मानवीय जीवन को बचाने हेतु शपथ दिलाई गई।



